संक्षिप्त खबर :
देहरादून में शनिवार, 8 अगस्त 2026 को आयोजित एक कार्यक्रम में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने महिलाओं और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने वीरांगना तीलू रौतेली पुरस्कार की सम्मान राशि 51 हजार से बढ़ाकर 75 हजार रुपये और आंगनबाड़ी कार्यकर्ती पुरस्कार की राशि 51 हजार से बढ़ाकर 61 हजार रुपये करने की घोषणा की है। इसका उद्देश्य राज्य की मातृशक्ति को प्रोत्साहित करना है।
वीरांगना तीलू रौतेली पुरस्कार की राशि में ₹24 हजार का इजाफा
उत्तराखंड सरकार ने राज्य की महिलाओं और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के अमूल्य योगदान को सराहते हुए उनके सम्मान को और बढ़ाने का फैसला किया है। शनिवार को देहरादून में आयोजित वीरांगना तीलू रौतेली पुरस्कार एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ती पुरस्कार वितरण कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। सीएम की घोषणा के अनुसार, अब वीरांगना तीलू रौतेली पुरस्कार विजेताओं को 51 हजार रुपये के बजाय 75 हजार रुपये की सम्मान राशि प्रदान की जाएगी। इस प्रकार, इस पुरस्कार की राशि में सीधे 24 हजार रुपये की बढ़ोतरी की गई है।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को अब मिलेगा ₹61 हजार का सम्मान
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के समर्पण की भी सराहना की और उनके लिए दिए जाने वाले 'आंगनबाड़ी कार्यकर्ती पुरस्कार' की सम्मान राशि को भी बढ़ाने का ऐलान किया। अब इस पुरस्कार के तहत 51 हजार रुपये की जगह 61 हजार रुपये दिए जाएंगे। इस 10 हजार रुपये की वृद्धि का लाभ उन कार्यकर्ताओं को मिलेगा, जो ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में बच्चों के पोषण, प्रारंभिक शिक्षा और महिला एवं बाल विकास से जुड़ी सरकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने में एक अहम कड़ी का काम कर रही हैं।
मातृशक्ति को 'रोल मॉडल' के रूप में स्थापित करना है प्राथमिकता
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य की मातृशक्ति ने सामाजिक, आर्थिक, शैक्षिक, खेल और संस्कृति सहित हर क्षेत्र में अपनी मेहनत से प्रदेश का नाम रोशन किया है। उनके योगदान को सम्मान देना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सम्मान राशि बढ़ाने का उद्देश्य केवल आर्थिक प्रोत्साहन देना मात्र नहीं है, बल्कि बेहतर कार्य करने वाली इन महिलाओं और कार्यकर्ताओं को पूरे समाज के सामने एक 'रोल मॉडल' के रूप में स्थापित करना है।
साहस व संघर्ष का प्रतीक है तीलू रौतेली पुरस्कार
गौरतलब है कि वीरांगना तीलू रौतेली को उत्तराखंड के इतिहास और लोक स्मृति में साहस और वीरता की प्रतीक के रूप में याद किया जाता है। इन्हीं के नाम पर यह पुरस्कार हर साल प्रदेश की उन महिलाओं को दिया जाता है, जिन्होंने अपने-अपने कार्यक्षेत्र में असाधारण योगदान देकर समाज के लिए एक मिसाल कायम की है। सरकार का मानना है कि इस पहल से महिला सशक्तीकरण को बल मिलेगा और समाज में महिलाओं की भागीदारी और अधिक मजबूत होगी।