सारांश
चमोली जिले के बद्रीनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं के चढ़ावे की कथित चोरी के मामले में बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) के निलंबित पर्सनल असिस्टेंट (PA) प्रमोद नौटियाल को सोमवार को न्यायालय में पेश किया गया। जोशीमठ की सिविल जज (जूनियर डिवीजन) एवं प्रभारी न्यायिक मजिस्ट्रेट हिना कौसर की अदालत ने विधिक प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। इससे पहले चमोली पुलिस की एसआईटी (SIT) ने 12 जुलाई की रात आरोपी को देहरादून से गिरफ्तार किया था। पुलिस सीसीटीवी फुटेज, मनी ट्रेल और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की विस्तृत जांच कर रही है।
अदालत की कार्रवाई और 14 दिनों की न्यायिक हिरासत
बद्रीनाथ में चढ़ावा चोरी के मामले में चमोली पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) ने कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी प्रमोद नौटियाल को सोमवार, 13 जुलाई 2026 को जोशीमठ की प्रभारी न्यायिक मजिस्ट्रेट हिना कौसर की अदालत में पेश किया। अदालत ने मामले की गंभीरता और विधिक प्रक्रियाओं को देखते हुए आरोपी को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत के तहत जेल भेजने के आदेश जारी किए।
इससे पहले, 12 जुलाई की रात करीब 10 बजे एसआईटी ने आरोपी को देहरादून के नेहरू कॉलोनी स्थित उनके आवास से गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को चमोली लाया गया, जहां बद्रीनाथ थाने में उनसे और मंदिर समिति के चार अन्य कर्मचारियों से गहन पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान जब प्रमोद से पूछा गया कि क्या इस कथित चोरी में मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी भी शामिल हैं, तो उन्होंने सिर हिलाकर 'नहीं' में जवाब दिया।
सीसीटीवी फुटेज से हुआ खुलासा, ₹500 के नोट और सोना-चांदी ले जाने का आरोप
इस पूरे मामले का खुलासा 2 जुलाई की एक सीसीटीवी (CCTV) फुटेज से हुआ, जिसमें कथित तौर पर सुबह 9 से 9:30 बजे के बीच गणना स्थल से नियमों के विपरीत धनराशि हटाई जा रही थी। फुटेज में आरोपी प्रमोद नौटियाल अपने मोबाइल के नीचे नोटों जैसी गड्डी दबाकर ले जाते हुए दिखाई दिए।
पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान 25 जून की फुटेज में भी ऐसी ही संदिग्ध गतिविधि पाई गई। इसके बाद पुलिस ने 25 जून, 29 जून और 2 जुलाई की फुटेज को अपने कब्जे में ले लिया है। पुलिस अब मंदिर परिसर में लगे 32 कैमरों की करीब 40 दिन की रिकॉर्डिंग खंगालेगी।
आरोप है कि वह ₹500 के नोट, सोने-चांदी के सिक्कों के पैकेट, शालिग्राम शिला और केसर का पैकेट अवैध रूप से अपने कब्जे में लेकर जाते थे। एसआईटी ने आरोपी के पास से एक शालिग्राम शिला और बीकेटीसी द्वारा जारी किया गया सरकारी लैपटॉप बरामद कर लिया है, हालांकि अभी तक कोई नकदी बरामद नहीं हुई है।
आरोपी का दावा और परिजनों द्वारा अपहरण की आशंका
दूसरी ओर, आरोपी प्रमोद नौटियाल ने विभागीय जांच और पूछताछ में खुद को पूरी तरह निर्दोष बताया है। उनका दावा है कि सीसीटीवी में मोबाइल के नीचे जो वस्तु दिख रही है, वह नोटों की गड्डी नहीं बल्कि उनकी एक नोटबुक थी, जिसे वह हमेशा अपने साथ रखते हैं। हालांकि, घटना के बाद उनका मोबाइल लगातार बंद पाया गया था और उन्होंने ज्योतिर्मठ कार्यालय में अपना कार्यभार भी ग्रहण नहीं किया था।
वहीं, आरोपी की गिरफ्तारी के समय सादे कपड़ों में आए पुलिसकर्मियों के साथ जाने के बाद, काफी देर तक घर न लौटने पर परिजनों में हड़कंप मच गया था। परिजन हेमलता नौटियाल ने देहरादून के नेहरू कॉलोनी बाईपास चौकी में शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें उन्होंने शुरुआत में अपहरण की आशंका जताई थी। परिजनों का कहना था कि प्रमोद ने नैनीताल हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दायर की है, जिस पर 16 जुलाई को सुनवाई होनी तय है। बाद में चमोली पुलिस ने आरोपी की आधिकारिक हिरासत की पुष्टि की।
बीकेटीसी ने बदली चढ़ावा गणना की व्यवस्था, मुख्यमंत्री ने बैठाई हाई लेवल कमेटी
मामले के तूल पकड़ने के बाद बीकेटीसी के प्रभारी मंदिर अधिकारी युद्धवीर पुष्पवाण की शिकायत पर 8 जुलाई को बद्रीनाथ कोतवाली में मुकदमा दर्ज किया गया था। अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी के निर्देश पर बनी चार सदस्यीय जांच समिति की रिपोर्ट के बाद प्रमोद को निलंबित किया गया था।
इस घटनाक्रम के बाद मंदिर समिति ने चढ़ावा गणना की पूरी व्यवस्था में व्यापक बदलाव कर दिए हैं:
- गणना करने वाले कर्मचारियों के लिए बिना जेब (पॉकेटलेस) वाली विशेष ड्रेस अनिवार्य कर दी गई है।
- गणना कक्ष में किसी भी प्रकार का निजी सामान ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है।
- सीसीटीवी कैमरों की संख्या 1 से बढ़ाकर 3 कर दी गई है और कंट्रोल रूम से निगरानी रखी जा रही है।
- गणना के समय कम से कम 5 कर्मचारियों की उपस्थिति अनिवार्य होगी और प्रवेश से पहले सबकी गहन तलाशी ली जाएगी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर गढ़वाल मंडल आयुक्त आनंद स्वरूप की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय जांच समिति का गठन किया गया है। इस समिति में एनएचएम के प्रबंध निदेशक संदीप तिवारी और स्वास्थ्य विभाग के वित्त निदेशक जगत सिंह चौहान शामिल हैं, जो 15 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपेंगे। इस बीच, भैरव सेना नामक संगठन ने बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी पर भी प्रमोद नौटियाल के माध्यम से हेराफेरी कराने के आरोप लगाए हैं। चमोली के एसपी सुरजीत सिंह पंवार और बीकेटीसी के सीईओ सोहन सिंह रांगण ने बताया कि मामले में पुलिस और प्रशासन को सभी आवश्यक दस्तावेज व साक्ष्य सौंप दिए गए हैं और निष्पक्ष जांच जारी है।